सोमवार, 29 नवंबर 2010

स्त्री के हक़ में ! . माँ तुम कितनी भोली हो, संतान को जन्म देती हो..

माँ

तुम कितनी भोली हो,

संतान को जन्म देती हो

पालती हो पोषती हो,

खुद गीले में सोकर उसे

...सूखे में सुलाती हो,

जब बड़ा होकर वह

घर से निकालता है,

तब कहती हो अपना ही तो है


------Sushil Sharma

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